भोपाल। कुछ राजनेता ऐसे भी होते हैं जिनके नाम और काम पर जनता को पूर्ण विश्वास होता है । उनकी अपनी एक अलग छवि होती है जिसे ना तो कोई धूमिल कर सकता है और ना ही घटा सकता है। इनकी व्यवहारिकता तथा राजनीति में कोई चतुराई यह हल्कापन नहीं झलकता बल्कि इन्हें देखकर मिलती है एक प्रेरणा और विश्वास । जनता के दिलों दिमाग में इनकी एक अलग ही छवि होती है। ऐसे ही राजनेता हैं मध्यप्रदेश सरकार में उद्यानिकी, सामाजिक न्याय एवं खाद्य प्रसंस्करण मंत्री नारायन सिंह कुशवाहा जिन्होंने सदैव दूसरों के लिए अपना जीवन समर्पित किया है, गरीबों की हर स्तर पर मदद करने वाले और लोगों को उनका हक दिलाने में भी हमेशा अग्रसर रहते हैं । उनकी सबसे बड़ी विशेषता यही है कि विकास ,जनसमस्याओं के निराकरण के लिए उनके पास आने वाला सामान्य व्यक्ति भी कभी निराश होकर नहीं लौटता । आज जबकि मानवीय मूल्यों को तोड़ने की परंपरा सी चल गई है तब भी मंत्री कुशवाहा का इंसान और इंसानियत के सिद्धांत का पालन करना आश्चर्य का विषय है । उनकी इसी पहचान के कारण इनके क्षेत्रवासी भी कभी शिकायत करते नजर नहीं आते, उन्हें अपना दुख दूर करने के लिए मंत्री नारायण सिंह कुशवाहा पर पूरा भरोसा है । आमजन और कार्यकर्ताओं की आडे़ वक्त में सहायता करना और उनके सुख-दुख में हृदय से सहभागिता निभाना मंत्री कुशवाहा की जीवन शैली का एक हिस्सा है। वे कर्म के सिद्धांत पर आस्था रखते हैं वही भाग्य के भरोसे सब कुछ पाने की कामना रखने वाले लोगों को कर्म करने के लिए प्रेरित भी करते हैं । उनकी सबसे बड़ी खासियत यही है कि वे लोगों से जीवंत संपर्क बनाए रखते हैं। सभी कार्यकर्ताओं और आमजन को सदैव उपलब्ध रहने वाली मंत्री कुशवाहा गर्मी में प्रचंड धूप हो या बारिश में गिरता तेज पानी ,कप-कंपाती ठंड हो, दिन हो या रात हो जन समस्याओं के निदान के लिए हमेशा तत्पर रहते हैं। मंत्री के रूप में भी वे विकास के नित नये सोपान रच रहे हैं । वह समाज के हर वर्ग की सेवा के लिए हमेशा तत्पर रहते हैं। आमजन से लेकर मंत्री तक बनने का उनका सफर आसान नहीं रहा । एक समय वे  सीमित खेती में सब्जी लगाया करते थे और फिर उसे सब्जी मंडी में जाकर बेचा करते थे, यहीं से उनमें सामाजिक और राजनीतिक समझ भी विकसित होते गई । वे थोक सब्जी व्यापारी संघ और फल विक्रेता संघ में भी विभिन्न पदों पर रहे ,1990 में उन्होंने भाजपा की सदस्यता ली फिर उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा, 2003 में दक्षिण ग्वालियर लश्कर विधानसभा क्षेत्र से वे विधायक निर्वाचित हुए और सुश्री उमा भारती की सरकार में उन्हें सामाजिक न्याय, पशुपालन समेत अन्य विभागों का राज्य मंत्री बनाया गया । वे शिवराज सरकार के प्रथम कार्यकाल में भी वन, राजस्व समेत अन्य विभागों के मंत्री रहे, 2008 में उन्हें शिवराज मंत्रिमंडल में गृह जेल एवं परिवहन विभाग का राज्य मंत्री बनाया गया ,2013 में भी नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा मंत्री बने, 2018 के विधानसभा चुनाव में मात्र 121 वोटो से उन्हें पराजय का सामना करना पड़ा तब भी पार्टी का उन पर भरोसा कायम रहा उन्हें ओबीसी मोर्चे का प्रदेश अध्यक्ष बनाया गया और इसके बाद उन्होंने पूरे प्रदेश में दौरे कर कार्यकर्ताओं से संपर्क कर ओबीसी मोर्चे में जान फूंक दी । उसी मेहनत का ही परिणाम था कि 2023 के विधानसभा चुनाव में भाजपा को ओबीसी वर्ग की विधानसभा सीटों पर बड़ी संख्या में जीत मिली । 2023 में पुनः नारायन सिंह कुशवाहा की मेहनत और संघर्ष को देखते हुए उन्हें सामाजिक न्याय, उद्यानिकी एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग का कैबिनेट मंत्री बनाया गया । वर्तमान में भी वे अपने दायित्वों का पूरी कुशलता के साथ निर्वहन कर रहे हैं वास्तव में सामाजिक न्याय विभाग के माध्यम से वे समाज के उन वर्गों के लिए काम कर रहे हैं जो अपने हक से वंचित रह जाते थे वहीं उद्यानिकी विभाग के माध्यम से वे लगातार नए-नए नवाचार कर रहे हैं जिसके परिणाम भी दिखाई देने लगे हैं । मध्यप्रदेश मसाले के उत्पादन में पूरे देश में एक नंबर पर है वहीं फलों के उत्पादन में भी मध्यप्रदेश अन्य राज्यों की तुलना में बहुत आगे है । फूड प्रोसेसिंग में भी मध्य प्रदेश लगातार आगे बढ़ रहा है ,हॉर्टिकल्चर के क्षेत्र में भी निरंतर नवाचार किये जा रहे हैं । मंत्री कुशवाहा की माने तो सरकार का लक्ष्य है कि दिव्यांगजन गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, बेहतर कौशल प्रशिक्षण और रोजगार के अवसर प्राप्त कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें वहीं वरिष्ठ नागरिकों के लिए भी सम्मान के साथ सुविधापूर्ण जीवन जीने के प्रयासों को सरकार सुलभ बनाने का काम कर रही है ,हमारा विभाग वृद्ध, दिव्यांगजन ,नशे से पीड़ित लोग ,भिक्षुक ,ट्रांसजेंडर आदि को समाज की मुख्य धारा से जोड़ने के लिए काम कर रहा है । मंत्री नारायन सिंह कुशवाहा की पूरी की पूरी कार्यशैली ही विकास की ओर ले जाने वाली है । वह ना सिर्फ राजनीतिक बल्कि अपने सामाजिक दायित्व का निर्वहन भी पूरी निष्ठा के साथ करते हैं । मंत्री नारायन सिंह कुशवाहा, कुशवाहा समाज में भी विभिन्न पदों पर रहते हुए अखिल भारतीय कुशवाहा महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष भी रहे हैं । उनकी कुशवाहा समाज में भी गहरी पैठ है ,जिसका लाभ समय-समय पर पार्टी को भी मिलता है। मध्यप्रदेश को विकास के पद पर आगे ले जाने के लिए वे मध्यप्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के साथ कदम से कदम मिलाकर निरंतर आगे बढ़ रहे हैं। मंत्री नारायन सिंह कुशवाहा का जैसा नाम है वैसा ही उनका काम भी है।