तोड़फोड़, मारपीट , सरेआम गुंडागर्दी और अवैध वसूली का खेल
इंदौर के चार थाना क्षेत्रों छोटी ग्वालटोली, तिलकनगर, भंवरकुआं और संयोगितागंज में पांच बसों में तोड़फोड़ का मामला सामने आया है। बस संचालकों का आरोप है कि पूरा विवाद बसों की एजेंट बनने को लेकर है। दो थानों में नामजद शिकायत दर्ज होने के बावजूद कार्रवाई नहीं होने पर आज पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह से देवास बस यूनियन और चौहान ट्रेवल्स के संचालक धर्मेंद्र चौहान ने मुलाकात की। उन्होंने बताया कि उनकी बसें देवास-इंदौर और इंदौर-इच्छापुर रूट पर संचालित होती हैं।
चौहान ने शिकायत में बताया कि 25 जून को राहुल सोनकर और उसके साथियों ने बस क्रमांक MP41P0815 के ड्राइवर और स्टाफ के साथ मारपीट की , बस के अंदर तोड़फोड़ भी की। घटना की सूचना स्टाफ ने 112 नंबर पर दी थी। इसके बाद दो दिनों के भीतर करीब चार अन्य बसों में भी तोड़फोड़ की गई। घटना के समय कई यात्री बसों में मौजूद थे, जिससे बड़ी घटना हो सकती थी।
बस यूनियन के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि राहुल सोनकर के साथ कपिल नाम का व्यक्ति भी बस संचालकों पर दबाव बनाता है और एजेंट के नाम पर अवैध वसूली की कोशिश करता है। इस संबंध में भंवरकुआं और तिलकनगर थानों में शिकायत भी की गई थी, लेकिन आरोपियों पर कार्रवाई नहीं हुई।बस संचालकों ने पुलिस कमिश्नर से आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।


