कृषि चौपाल आयोजित, किसानों को डीएसआर, प्राकृतिक खेती और विभागीय योजनाओं की दी जानकारी
बालाघाट l किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों से जोड़ने, उत्पादन लागत कम करने तथा टिकाऊ खेती को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कृषि विभाग द्वारा लगातार जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में 28 जून 2026 को बालाघाट विकासखंड की ग्राम पंचायत मोतेगांव में 'चौपाल एवं खेत बचाओ अभियान' के अंतर्गत किसान बैठक का आयोजन किया गया।उप संचालक कृषि श्री फूलसिंह मालवीय ने बताया कि बैठक में उपस्थित किसानों को खरीफ सीजन के लिए विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं एवं नवीन कृषि तकनीकों की विस्तार से जानकारी दी गई। किसानों को विशेष रूप से डायरेक्ट सीडेड राइस (डीएसआर) पद्धति से धान की बुवाई के लाभों से अवगत कराया गया। उन्होंने बताया कि डीएसआर तकनीक अपनाने से पानी की बचत होती है, श्रम एवं उत्पादन लागत में कमी आती है तथा समय पर बुवाई होने से फसल की उत्पादकता में भी वृद्धि होती है।बैठक में किसानों को प्राकृतिक खेती को अपनाने के लिए प्रेरित किया गया। रासायनिक उर्वरकों एवं कीटनाशकों के अत्यधिक उपयोग से होने वाले दुष्प्रभावों की जानकारी देते हुए प्राकृतिक संसाधनों पर आधारित खेती के लाभ बताए गए। अधिकारियों ने कहा कि प्राकृतिक खेती न केवल मिट्टी की उर्वरा शक्ति को बनाए रखती है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और मानव स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी है।
कृषकों को पराली प्रबंधन के महत्व पर भी विस्तार से जानकारी दी गई। उन्हें समझाया गया कि फसल अवशेषों को जलाने के बजाय खेत में ही वैज्ञानिक तरीके से प्रबंधन करने से मिट्टी की गुणवत्ता में सुधार होता है, जैविक कार्बन की मात्रा बढ़ती है तथा पर्यावरण प्रदूषण से भी बचाव होता है।बैठक में किसानों को ई-टोकन प्रणाली के माध्यम से उर्वरकों के वितरण की प्रक्रिया समझाई गई, ताकि उन्हें समय पर और पारदर्शी तरीके से खाद उपलब्ध हो सके। साथ ही विभाग के पास उपलब्ध विभिन्न फसलों के प्रमाणित बीजों की जानकारी देकर गुणवत्तायुक्त बीजों के उपयोग के लिए प्रेरित किया गया।इस अवसर पर कृषि विभाग के अधिकारियों ने किसानों को शासन द्वारा संचालित विभिन्न कृषि योजनाओं, अनुदान, बीज वितरण, कृषि यंत्रीकरण, प्राकृतिक खेती, जल संरक्षण एवं अन्य किसान हितैषी कार्यक्रमों की विस्तृत जानकारी दी। किसानों की समस्याओं को भी गंभीरता से सुना गया तथा उनके समाधान के लिए आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया गया।कृषि विभाग ने किसानों से अपील की कि वे आधुनिक एवं वैज्ञानिक कृषि तकनीकों को अपनाकर खेती को अधिक लाभकारी बनाएं तथा शासन की योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाकर अपनी आय में वृद्धि करें। चौपाल में उपस्थित किसानों ने भी विभाग की पहल की सराहना करते हुए आधुनिक खेती की तकनीकों को अपनाने का संकल्प लिया।


