जबलपुर की सांस्कृतिक धरोहर में पंजाबी दशहरा का विशेष स्थान - श्री राकेश सिंह
जबलपुर l लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह ने विजयादशमी को केवल परंपरा नहीं, बल्कि अन्याय पर न्याय की जीत का प्रतीक बताया है। उन्होंने कहा कि जबलपुर की सांस्कृतिक धरोहर में पंजाबी दशहरा का विशेष स्थान है और इस कार्यक्रम का हिस्सा बनना उनके लिये सौभाग्य की बात है। श्री सिंह पंजाबी हिंदू एसोसिएशन द्वारा गौरीघाट स्थित आयुर्वेद कॉलेज ग्राउंड पर आयोजित 73वें पंजाबी दशहरा में बड़ी संख्या में उपस्थित शहरवासियों को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित कर रहे थे। पारंपरिक स्वरूप में उत्साह और धूमधाम से मनाये गये पंजाबी दशहरा में 75 फुट ऊँचे रावण और कुंभकर्ण के पुतलों का दहन कर बुराई पर अच्छाई की विजय का संदेश दिया गया। पंजाबी दशहरा का शुभारंभ भगवान श्री राम की आरती और शोभायात्रा से हुआ। इस अवसर पर लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह, राज्य सभा सदस्य श्रीमती सुमित्रा वाल्मीकि, महापौर श्री जगत बहादुर सिंह अन्नू, प्रदेश के पूर्व वित्त मंत्री श्री तरुण भनोट, नगर निगम अध्यक्ष श्री रिकुंज विज, पूर्व विधायक श्री विनय सक्सेना, नगर निगम में नेता प्रतिपक्ष श्री अमरीश मिश्रा तथा पंजाबी हिन्दु एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री नरेश पाल मलिक सहित सभी पदाधिकारी मंच पर मौजूद थे। पंजाबी दशहरा के आयोजन की शुरूआत में नृसिंह पीठाधीश्वर डॉ. स्वामी नृसिंहदेवाचार्य जी महाराज ने अपने आशीर्वचन दिये।
लोक निर्माण मंत्री श्री सिंह ने अपने संबोधन में आगे कहा कि पंजाबी दशहरा केवल एक पर्व नहीं है, बल्कि हमारी संस्कृति, हमारी परंपरा और सामाजिक एकता का प्रतीक भी है। इस आयोजन से हमें समाज में भाईचारे और मर्यादा के मूल्यों को आगे बढ़ाने का संदेश मिलता है। श्री सिंह ने इस मौके पर जबलपुर को महानगर का स्वरूप देने के अपने प्रयासों का जिक्र करते हुये शहर को मिलने वाली विकास की बड़ी परियोजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जबलपुर में प्रदेश के सबसे बड़े फ्लाई ओवर के निर्माण के बाद गौरीघाट में माँ नर्मदा के घाटों को सरयू की तर्ज पर विकसित करने की कार्ययोजना करीब-करीब तैयार है। श्री सिंह ने कहा कि देशभर में नर्मदा तट पर यह पहली ऐसी परियोजना होगी जो इतनी भव्य और सुंदर होगी कि इसे दूर-दूर से लोग देखने आएंगे।
लोक निर्माण मंत्री ने बताया कि जबलपुर में लगभग चार हजार करोड़ रुपये की लागत से बन रही 118 किलोमीटर लंबी देश की दूसरी सबसे बड़ी रिंग पर दो आइकॉनिक ब्रिज बन रहे हैं, ये पर्यटन को बढ़ावा देंगे। रिंग रोड के समीप दो लॉजिस्टिक पार्क भी बनेंगे। इसके साथ ही 15 हजार करोड़ रुपये की लागत से जबलपुर-भोपाल ग्रीन कॉरिडोर रोड तैयार किया जाएगा और 6.5 करोड़ रुपये की लागत से मदनमहल की पहाड़ी पर स्थित ठाकुरताल में वाइल्ड लाइफ रेस्क्यू सेंटर कम जू बनाया जाएगा। उन्होंने जबलपुर को मिलने वाली दो केबल कार परियोजनाओं की जानकारी भी दी। श्री सिंह ने विश्वास व्यक्त किया कि आने वाले तीन वर्षों में जबलपुर महानगर का स्वरूप ले लेगा।
महापौर श्री जगत बहादुर सिंह अन्नू तथा पूर्व मंत्री श्री तरूण भनोट ने अपने संबोधन में पंजाबी दशहरा के एतिहासिक महत्व का उल्लेख किया तथा शहरवासियों को विजयादशमी पर्व की शुभमानाएं दी।



