पुलिसकर्मियों को निःशुल्क ध्यान प्रशिक्षण दिया जाएगा
भोपाल । विश्व ध्यान दिवस के अवसर पर मध्यप्रदेश पुलिस ने पुलिसकर्मियों के मानसिक स्वास्थ्य, तनाव प्रबंधन एवं समग्र कल्याण को सुदृढ़ करने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल की है। पुलिस महानिदेशक श्री कैलाश मकवाणा के मार्गदर्शन एवं निर्देशानुसार प्रदेश के सभी पुलिस थानों में साप्ताहिक ध्यान कार्यक्रम का शुभारंभ 21 दिसंबर 2025 से किया जाएगा।
यह कार्यक्रम मध्यप्रदेश पुलिस एवं हार्टफुलनेस संस्था के मध्य 2 फरवरी 2025 को हुए एमओयू के अंतर्गत संचालित किया जा रहा है, जिसके अंतर्गत पुलिसकर्मियों को निःशुल्क ध्यान प्रशिक्षण दिया जाएगा। इस पहल के अंतर्गत प्रदेश के 1000 से अधिक पुलिस थानों (थाना, यातायात, महिला थाना, अजाक, अपराध शाखा सहित) में प्रत्येक रविवार को नियमित रूप से ध्यान सत्र आयोजित किए जाएंगे।
21 दिसंबर को शुभारंभ के अवसर पर हार्टफुलनेस प्रशिक्षकों एवं समन्वयकों की उपस्थिति में ऑनलाइन माध्यम से सामूहिक ध्यान सत्र आयोजित किया जाएगा। इस दौरान सभी थानों में उपलब्ध पुलिस अधिकारी एवं कर्मचारी सहभागिता करेंगे। प्रत्येक जिले के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षकों को इस कार्यक्रम का नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है तथा प्रत्येक थाने में पुलिस समन्वयक निर्धारित किए गए हैं।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार प्रातः 10:00 बजे से 11:15 बजे तक रिलैक्सेशन, गाइडेड ध्यान एवं आत्मावलोकन सत्र आयोजित होंगे। साथ ही हार्टफुलनेस मुख्यालय कान्हा शांतिवनम, हैदराबाद से कार्यक्रम का सीधा प्रसारण भी किया जाएगा।
वैश्विक निःशुल्क ऑनलाइन ध्यान सत्र
21 दिसंबर को रात्रि 8 बजे हार्टफुलनेस के ग्लोबल गाइड पूज्य श्री दाजी द्वारा वैश्विक स्तर पर 20 मिनट का निःशुल्क ऑनलाइन ध्यान सत्र आयोजित किया जाएगा। https://meditationday.global/en/ पर पंजीकरण के माध्यम से सभी नागरिक सहभागिता कर सकते हैं।
इस कार्यक्रम का उद्देश्य पुलिसकर्मियों एवं उनके परिवारजनों को ध्यान को एक नियमित जीवनशैली के रूप में अपनाने हेतु प्रेरित करना है, जिससे मानसिक शांति, आंतरिक संतुलन, सकारात्मक ऊर्जा एवं कार्यक्षमता में वृद्धि हो सके। पूर्व में आयोजित ध्यान कार्यक्रमों से पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा आंतरिक शांति, क्रोध में कमी, संवाद में सुधार, पारिवारिक सामंजस्य एवं आत्मावलोकन जैसे सकारात्मक परिणाम प्राप्त हुए हैं।
वर्तमान में विभाग में 80 प्रशिक्षित ध्यान प्रशिक्षक उपलब्ध हैं तथा भविष्य में लगभग 1000 प्रशिक्षक तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है।
“खुश रहने का प्रयोग” – मध्यप्रदेश पुलिस
यह कार्यक्रम पुलिस बल के लिए एक “खुश रहने का प्रयोग” है, जो उन्हें मानसिक रूप से सशक्त बनाकर समाज में शांति और संतुलन स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर सिद्ध होगा।



