कोतमा जनपद के ग्राम पंचायत मझौली, उमरदा, गुलीडांड के सैकड़ों किसान मंगलवार को जनसुनवाई में कलेक्टर कार्यालय पहुंचे। इस दौरान किसानों ने बताया कि भूमि अधिग्रहण के 12 वर्ष बीत जाने के बाद भी वेलस्पन एनर्जी प्राइवेट लिमिटेड के द्वारा उन्हें दी जा रहीं बेरोजगारी भत्ता, चिकित्सा, शिक्षा और पेयजल सुविधा की व्यवस्था बंद कर दी गई है। साथ ही अब तक कंपनी के द्वारा पावर प्लांट शुरू नहीं किया गया है और ना ही किसानों को नौकरी दी गई। ऐसे में किसानों की जमीन भी चली गई और उन्हें रोजगार भी नहीं मिला।