पोर्टल पर उपलब्ध और भौतिक स्टाक उर्वरक की जांच करायें

सतना कलेक्टर अनुराग वर्मा ने जिले के उर्वरक के विक्रय केन्द्रों में आईएफएमएस पोर्टल पर उपलब्ध स्टाक और केन्द्रों पर उपलब्ध स्टाक का भौतिक सत्यापन संयुक्त दल से कराने के निर्देश अनुविभागीय अधिकारी राजस्व को दिए हैं। कलेक्टर ने जारी आदेश में कहा है कि आईएफएमएस पोर्टल के अनुसार जिले में उपलब्ध डीएपी, एनपीके एवं यूरिया की मात्रा का विक्रय रिटेल स्तर पर किया जा चुका है। लेकिन पीओएस मशीन में विक्रेताओं द्वारा विक्रय मात्रा की फीडिंग नहीं करने से अभी भी भौतिक रूप से स्टॉक प्रदर्शित हो रहा है। समीक्षा में पाया गया कि पोर्टल में 1 अप्रैल से 18 जुलाई तक 99 उर्वरक विक्रेताओं द्वारा उर्वरक का विक्रय होना प्रदर्शित नहीं हो रहा। जिन विक्रय केन्द्रों में उर्वरक की मात्रा में अंतर है और जिन विक्रय केन्द्रों ने उर्वरक का विक्रय नहीं किया। उनका संयुक्त दलों के माध्यम से भौतिक सत्यापन कराये। सुनिश्चित करें कि स्टाक में भौतिक रूप से उपलब्ध मात्रा आईएफएमएस पोर्टल से मिलान करें। अन्यथा की स्थिति में अनियमितता मानकर उर्वरक नियंत्रण आदेश 1985 के प्रावधानों के तहत कार्यवाही की जाए। पोर्टल पर उर्वरक की मात्रा का अधिक स्टाक प्रदर्शित होने पर जिले को उर्वरक प्राप्त करने में कठिनाई भी होती है। कलेक्टर ने सभी राजस्व अधिकारियों को कहा है कि उर्वरक निरीक्षक और तहसीलदार की संयुक्त टीम बनाकर सभी विक्रय केन्द्रों का निरीक्षण कराये और चालू खरीफ मौसम में विक्रय नहीं करने वाली संस्था विक्रेताओं से कारणों की जानकारी लेकर यथोचित कार्यवाही करें।