पन्ना जिले के किसानों को उनकी आवश्यकता के अनुसार सुगमता से खाद उपलब्ध कराया जा रहा है। शासन के निर्देशों के अनुसार खाद वितरण की निगरानी के लिए अधिकारी भी तैनात किए गए हैं।इस संबंध में कलेक्टर सुरेश कुमार ने बताया कि किसानों को खाद बिक्री केन्द्रों से निगरानी में डीएपी खाद वितरण के साथ-साथ सहकारी समितियों तथा निजी विक्रेताओं द्वारा भी खाद का वितरण किया जा रहा है। पन्ना जिले में नैनो डीएपी एवं नैनो यूरिया की वैकल्पिक व्यवस्था की गई है और सुचारू रूप से खाद का वितरण कराया जा रहा है। डीएपी की उपलब्धता अनुसार नियमित रूप से टोकन के माध्यम से वितरण की व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। जिले में रासायनिक खाद की पर्याप्त मात्रा में सतत रूप से आपूर्ति हो रही है। किसान भाईयों को प्रारंभ से ही सलाह दी गई है कि डीएपी उर्वरक की बजाय एनपीके अथवा नैनो डीएपी का उपयोग करने से बेहतर उत्पादन प्राप्त किया जा सकता है तथा मिट्टी के पोषक तत्वों में भी वृद्धि होगी।कटनी की झुकेही रैक से गत दिवस जिले को 280 मे. टन डीएपी खाद प्राप्त हुई है। वर्तमान में जिले में विपणन संघ के भण्डारण केन्द्रों में 1928 मे. टन यूरिया एवं 800 मे. टन एनपीके तथा 500 मे. टन टीएसपी उपलब्ध है। इसके अलावा आगामी 2 दिवस में सतना रैक प्वाइंट से जिले को पीपीएल एवं आईपीएल कम्पनी से 1020 मे. टन डीएपी तथा 374 मे. टन एनपीके भी प्राप्त होने वाली है। इसके अलावा इफको कम्पनी की डीएपी रैक से 637 मे. टन डीएपी तथा झुकेही से कृभको कम्पनी से 400 मे. टन डीएपी मिलने से निरंतर खाद की आपूर्ति बनी रहेगी। इनसे प्राप्त खाद का भी अधिकारियों की निगरानी में वितरण कराया जाएगा।