रायसेन कलेक्टर अरुण विश्वकर्मा आज सुबह  कार्यालय जा रहे थे। रास्ते में महिलाओं की भीड़ देखी तो गाड़ी रुकवा ली। महिलाओं की समस्या सुनीं और तत्काल समाधान का भरोसा दिया।
   भरोसा तीन शब्दों का था मैं हूँ ना…। यही शब्द सुनकर पीड़ित महिलाओं की  राहत मिली । विश्वकर्मा जी ने बड़े अपनत्व से कहा “मां, परेशान न हों, आपकी समस्या का निराकरण होगा।”
    सड़क किनारे हुई आज की जनसुनवाई महिलाओं के लिए उम्मीद का अरुणोदय लेकर आई और प्रशासन की संवेदनशीलता का प्रतीक बनी।