इंदौर l देवी अहिल्या विश्वविद्यालय एवं स्वदेशी जागरण मंच के संयुक्त तत्वावधान में 'स्वदेशी स्वावलंबन मेला' आयोजित किया जाना है। इस आयोजन में मुख्य अतिथि के तौर पर एक विधायक को आमंत्रित किया गया है। पहले छपे आमंत्रण पत्र  पर विधायक की फोटो के साथ लिखा गया था- 'मुख्य अतिथि सनातनी विधायक ... जी'। कार्ड पर कुलगुरु और कुलसचिव की फोटो भी मुख्य संरक्षक और संरक्षक के रूप में लगी। सनातनी विधायक' लिखे जाने को लेकर विश्वविद्यालय में कुछ शिकायतें की गईं। शिकायत में आपत्ति जताई गई कि किसी विधायक के नाम के आगे सनातनी कैसे लिखा जा सकता है और क्या इसका मतलब यह है कि बाकी नेता गैर-सनातनी हैं। इन शिकायतों के बाद विश्वविद्यालय ने आमंत्रण पत्र में संशोधन किया। नए कार्ड से सनातनी शब्द ही हटा दिया गया l इस बदलाव की जानकारी मिलने पर विधायक ने भी विश्वविद्यालय के संबंधित विभाग की डायरेक्टर से बात की। उन्होंने सवाल किया कि उनके नाम के आगे से 'सनातनी' शब्द क्यों हटाया गया। इस पर डायरेक्टर ने उन्हें पूरी जानकारी दी। कार्यक्रम संयोजक और डायरेक्टर प्रो.  ने पुष्टि की कि शब्द को लेकर किसी को आपत्ति थी, जिसके चलते इसे हटाया गया है, हालांकि विधायक ही कार्यक्रम में आ रहे हैं।