पेड़ काटना सिर्फ अपराध नहीं यह जीवन पर भी प्रहार है
एक पीपल कटा, नपा ने सौ कदंब वृक्ष लगाए
गैरतगंज | मुख्य बाज़ार में कुछ दिन पहले पीपल का वृक्ष काट दिया गया। यह सिर्फ एक पेड़ नहीं था, बल्कि नगर की आत्मा को झकझोर देने वाली घटना बन गई थी।
भारतीय परंपरा में पीपल आस्था और जीवन का प्रतीक है। उसकी कटाई के विरोध में रायसेन जिला विकास समिति, बस एक कदम और... सोशल वेलफेयर फाउंडेशन और पर्यावरण प्रेमियों ने पुरजोर विरोध किया।
समिति की पहल पर नगर परिषद ने सड़क के दोनों ओर कदंब के 100 बड़े वृक्ष लगाए। इस मौके को नगरवासियों ने प्रेरणा और गर्व का क्षण बताया।
श्रीमती सरोज अग्निवंशी ( अनुविभागीय अधिकारी )
ने कहा
, पेड़ काटना सिर्फ अपराध नहीं, यह जीवन पर प्रहार है। उसकी भरपाई केवल वृक्षारोपण कर ही हो सकती है। इसलिए एक पीपल कटा है, तो उसके बदले सौ कदंब रोपित किए गए।
जिनेश सिंघई ( नपाध्यक्ष) ने कहा
कदंब वृक्ष लम्बी उम्र जीता है, छांव देता है और पर्यावरण को संतुलन देता है। आगे भी सड़क किनारे कदंब वृक्षारोपण किया जाएगा।
हरीश मिश्र ( समिति अध्यक्ष ) ने कहा पीपल कटने पर दुख था, लेकिन सौ कदंब लगाकर खुशी मिली। यह पहल जिले के लिए उदाहरण बनेगी। अब वृक्ष काटने पर केवल जुर्माना नहीं, बल्कि वृक्षारोपण ही असली दंड होगा। हरियाली बचाना हमारी साझा जिम्मेदारी है।
इस पूरे घटनाक्रम ने गैरतगंज को नई पहचान दी है। एक कटे हुए वृक्ष ने सौ नए वृक्ष खड़े कर दिए। संदेश साफ है—जब समाज एकजुट होता है, तो विध्वंस भी सृजन का अवसर बन जाता है।
इस अवसर पर नरेश राजपूत ( तहसीलदार) मनोज कुशवाह ( उपाध्यक्ष ) हरित विश्वकर्मा ( कोषाध्यक्ष )
संजीव श्रीवास्तव, प्रदीप पटेल, मलखान विश्वकर्मा एवं पार्षद उपस्थित थे।


