कलेक्टर हो तो ऐसा - दाने दाने पर लिखा है खाने वाले का नाम

खरगोन /एक बहुत पुरानी कहावत है दाने दाने पर लिखा होता है खाने वाले का नाम। वाकई आज जनसुनवाई के बाद एक ऐसा ही वाक्या कलेक्टर श्री शिवराज सिंह वर्मा के चेम्बर के बाहर पेश आया। इस वक्त कलेक्टर श्री वर्मा लंच के लिए बाहर निकले तो नारायणपुरा के करीब 85 वर्षीय वृद्ध ठाकरिया ने आवेदन देते हुए हाथ फैला दिए। कलेक्टर ने स्थिति देखते हुए पहले तो कैंटीन में भोजन कराने के लिए न सिर्फ रुपये दिए बल्कि 2 हजार की आर्थिक सहायता भी स्वीकृत की। हालांकि सामाजिक न्याय विभाग से पता करवाया तो पता चला कि उन्हें नियमित पेंशन मिल रही है और नियमित राशि निकाली भी जा रही है। फिर भी कलेक्टर श्री वर्मा ने संवेदनशीलता दिखाते हुए आर्थिक स्थिति ज्यादा ही चिंताजनक लगने पर सहायता की गई। बुजूर्ग ठाकरिया ने पेंशन प्रदान करने के लिए आवेदन किया था।