पीएमएफएमई योजना ने बदली किसान श्री हरदयाल की जिन्दगी
दतिया / “जहाँ चाह वहाँ राह” यह कहावत सत्य सिद्ध होती है किसान श्री हरदयाल के जीवन से। ग्राम समरौली जिला दतिया निवासी श्री हरदयाल ने अपने जीवन में संघर्ष करते हुए आत्मनिर्भर बनने का निश्चय किया। प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग उन्नयन योजना पीएमएफएमई के तहत उन्होंने प्रसंस्करण इकाई लगाकर अपने लिए रोज़गार का मार्ग तैयार किया और अन्य दो बेरोज़गार युवाओं को भी रोज़गार उपलब्ध कराया। श्री हरदयाल ने अपने जीवन में अनेक प्रयास किए परंतु उन्हें सफलता नहीं मिली। एक दिन विकास खंड दतिया के कार्यालय में विकास अधिकारी एवं जिला रिसोर्स पर्सन से उनकी मुलाकात हुई। उन्होंने उन्हें योजना की जानकारी दी और योजना के लाभों के बारे में विस्तार से बताया गया। श्री हरदयाल जी ने योजना के तहत आवेदन कर प्रसंस्करण इकाई आटा एवं दाल मिल शुरू की। उन्हें योजना के अंतर्गत आवश्यक मार्गदर्शन, प्रशिक्षण एवं वित्तीय सहायता प्राप्त हुई। आधुनिक मशीनों और बेहतर संसाधनों के कारण अब उनके उत्पाद अधिक गुणवत्ता वाले बने हैं, जिससे बाजार में मांग भी बढ़ी है। आज श्री हरदयाल के उत्पाद कई रिटेल दुकानों और स्थानीय बाजारों में बेचे जा रहे हैं। उनकी आमदनी में वृद्धि हुई है और उन्होंने 2 अन्य युवाओं को भी अपने उद्यम से जोड़कर रोजगार दिया है। श्री हरदयाल जी की सफलता इस बात का प्रमाण है कि यदि सही दिशा में प्रयास किया जाए और सरकारी योजनाओं का उचित लाभ लिया जाए तो आत्मनिर्भरता का सपना अवश्य साकार हो सकता है।



