मंडला l मकर संक्रांति के पावन पर्व के अवसर पर संगम घाट पर आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुविधासुरक्षा एवं सुव्यवस्था सुनिश्चित करने के उद्देश्य से लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री श्रीमती संपतिया उइके द्वारा संगम घाट पहुंचकर व्यवस्थाओं का अवलोकन किया गया। इस दौरान प्रशासन द्वारा की गई तैयारियों को देखा और आवश्यक दिशा-निर्देश दिये। इस मौके पर नगरपालिका अध्यक्ष श्री विनोद कछवाहाकलेक्टर श्री सोमेश मिश्रापुलिस अधीक्षक श्री रजत सकलेचाएसडीएम श्रीमती सोनल सिडामपीओ डूडा श्री सचिन जैननगरपालिका सीएमओ श्री गजानंद नाफड़ेडिप्टी कलेक्टर श्री संस्कार बावरिया सहित नगरपालिका का अमलास्थानीय नागरिक और परिक्रमावासी मौजूद थे। मंत्री श्रीमती उइके ने नर्मदा परिक्रमावासियों को रात्रि में यहां विश्राम करने में कोई असुविधा न हो एवं कड़ाके की ठंड से राहत मिले इसके लिए कंबल भी वितरित किए।

            कलेक्टर श्री सोमेश मिश्रा ने जानकारी दी कि संगम घाट परिसर में दुकानों को सुव्यवस्थित तरीके से लगाने के लिए पूर्व से ही स्थान चिन्हांकन (मार्किंग) की गई है। इससे यह सुनिश्चित किया गया है कि दुकानें बेतरतीब ढंग से न लगें और श्रद्धालुओं को आवागमनस्नान एवं पूजा-अर्चना में किसी प्रकार की परेशानी न हो। घाट एवं परिसर में पर्याप्त खुला स्थान छोड़ा गया हैजिससे भीड़ प्रबंधन सुचारु रूप से किया जा सके।

            घाट परिसर एवं आसपास के क्षेत्रों में विशेष स्वच्छता अभियान चलाया जा रहा है। साफ-सफाई के लिए अतिरिक्त कर्मचारियों की तैनाती की गई हैताकि पर्व के दौरान स्वच्छ एवं पवित्र वातावरण बना रहे। नर्मदा नदी की स्वच्छता बनाए रखने के उद्देश्य से नदी में साबुनशैम्पू अथवा अन्य रासायनिक पदार्थों के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है। धार्मिक परंपराओं को सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए मुंडन संस्कारपूजन-अर्चन तथा भजन-कीर्तन करने वाली मंडलियों के लिए पृथक-पृथक स्थान निर्धारित किए गए हैं। इससे विभिन्न धार्मिक गतिविधियाँ बिना किसी अव्यवस्था के श्रद्धा भाव से संपन्न हो सकेंगी।

            नौका विहार की सुविधा का लाभ लेने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वाेच्च प्राथमिकता देते हुए सभी नाव संचालकों को नावों में अनिवार्य रूप से लाइफ जैकेट रखने के निर्देश दिए गए हैं। बिना सुरक्षा मानकों के नौका संचालन पर सख्ती से रोक रहेगी। नर्मदा नदी की गहराई के संकेतक भी लगाए जा रहे हैं। मेला स्थल और घाट पर बेरिकेटिंग भी की गई है।

श्रद्धालुओं को समय-समय पर आवश्यक दिशा-निर्देशसुरक्षा संबंधी सूचनाएँ एवं प्रशासनिक अपीलें देने के लिए पब्लिक एड्रेस सिस्टम के माध्यम से लगातार अनाउंसमेंट किए जा रहे हैं। कड़ाके की ठंड को देखते हुए संगम घाट परिसर में रुकने वाले श्रद्धालुओं के लिए कंबल की भी व्यवस्था की गई हैताकि किसी को असुविधा न हो। साथ हीआवश्यक व्यवस्थाओं पर प्रशासनिक अमले की लगातार निगरानी रखी जा रही है।

            निरीक्षण के दौरान मंत्री श्रीमती उइके ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि श्रद्धालुओं की आस्थासुरक्षा और सुविधा से किसी भी प्रकार का समझौता न हो तथा मकर संक्रांति पर्व शांतिपूर्णसुव्यवस्थित एवं श्रद्धा के वातावरण में संपन्न कराया जाए।