बुरहानपुर l हमें कच्चे केले एवं पक्के केले से निर्मित खाद्य उत्पादों को प्रमोट करना है। जिले को बनाना फूड पार्क बनाना है। इसके मीठे एवं नमकीन दोनों ही श्रेणी के खाद्य उत्पादों को आगे लाना है। केले के रस एवं वेस्ट मटेरियल से फर्टिलाइजर, फाईबर से कपड़ा एवं लेदर निर्माण के साथ-साथ व्यापक बी-टू-सी एवं बी-टू-बी मार्केटिंग को बढ़ावा देना है। बेहतर तकनीक को अपनाते हुए जिले में एक डेमोस्टेªशन सेंटर होना चाहिए। भविष्य मंें संभावनाओं को देखते हुए बेसिक लाईन डिपाटमेंट के साथ राउण्ड टेबल कान्फ्रेंस की जरूरत है। जिससे सुझाव आमंत्रित कर और बेहतर कार्य किया जा सकता है। एक जिला-एक उत्पाद अंतर्गत जिले में कार्य करने की अपार संभावनाएं व्याप्त है। केले की फसल के प्रसंस्करण के लिए हम रिसर्चर, उद्योगपति एवं किसानों के साथ मिलकर कार्य करेंगे। यह दो दिवसीय केला महोत्सव उसी दिशा में एक सार्थक प्रयास था। जिसे केला उत्पादक किसानों एवं हमारे क्षेत्रवासियों का भरपूर स्नेह एवं समर्थन मिला, जिससे हम आशांवित है कि हमारे संकल्प ‘‘केले से ‘‘समृद्धि-केले से सेहत‘‘ की ओर बुरहानपुर बढ़ेगा। यह बात बुरहानपुर विधायक श्रीमती अर्चना चिटनिस (दीदी) ने बुरहानपुर में आयोजित केला-हल्दी फेस्टिवल के द्वितीय दिवस आयोजित समापन सत्र को संबोधित करते हुए कही। श्रीमती चिटनिस ने कहा कि दुनिया में कुछ स्थानों पर केले की फसल को फल के लिए नहीं लगाते बल्कि इसके अन्य उत्पाद निर्माण हेतु लगाई जाती है। केले के फल के बाहर भी बहुत संभावनाएं है। उन्होंने कहा कि मिट्टी, पानी को भी संभालना होगा। बुरहानपुर में चिंता की बात है कि जलस्तर बहुत तेजी से गिर रहा है। मिट्टी की उर्वरक क्षमता भी घट रही है। इस हेतु हमें मिट्टी और पानी को संभालना भी बहुत जरूरी है। जून 2024 के अंतिम सप्ताह में बनाना इकोनोमिक्स सभी डिपार्टमेंट, उद्योगपतियों एवं वैज्ञानिकों को साथ लेकर आयोजन की तैयारी में आज से अभी से जुट गए है। विधायक श्रीमती अर्चना चिटनिस ने कहा कि त्रुटिवश बुरहानपुर हॉर्टिकल्चर मिशन से छूट गया था। किन्तु हमारे प्रयासों के परिणाम स्वरूप इसे आउट ऑफ द वे जाकर जोड़ा गया। साथ ही हमारी सरकार के कार्यकाल में सिंचाई का रकबा बढ़ा है, जिससे आज बुरहानपुर 24 से 25 हजार एकड़ में केले की खेती कर रहा है। आने वाले वर्षांे में हमारे द्वारा किए जा रहे प्रयासों के परिणाम स्वरूप क्षेत्र में दुुगना सिंचाई क्षमता बढ़ सकेंगी। बनाना उद्योग, विभिन्न उत्पादों के निर्माण, निर्यात एवं योजनाओं के संबंध में बनाना फेस्टिवल के द्वितीय दिवस पर कॉमन सेशन आयोजित रहा। इस अवसर पर बुरहानपुर विधायक श्रीमती अर्चना चिटनिस (दीदी), कलेक्टर सुश्री भव्या मित्तल, जिला पंचायत सीईओ श्रीमती सृष्टि देशमुख की उपस्थिति में बाहर से जिले में पधारे वैज्ञानिक, विषय-विशेंषज्ञ, प्रमुखों एवं अतिथियों ने अपने-अपने विषयों पर व्याख्यान दिए। नवीन तकनीकियों को अपनाते हुए समन्वयता के साथ करेंगे कार्य बनाना फेस्टिवल के द्वितीय दिवस समापन अवसर पर कलेक्टर सुश्री भव्या मित्तल ने संभावनायें एवं प्रयास के संबंध में बात कही। उन्होंने कहा कि सभी को आगे आकर साथ में काम करने की जरूरत है। जिले में नयी तकनीक को अपनाते हुए एनआरसीबी के सहयोग से ट्रायल एवं डेमोस्टेªशन यूनिट स्थापित करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि हमें बनाना तक ही नहीं बल्कि बेम्बू क्रॉफ्ट कलस्टर एवं टेराकोटा को भी निर्यात तक ले जाना है। सभी से सहयोग की अपेक्षा है। बनाना फाईबर से उत्पादों के निर्माण के साथ-साथ बायोमास की दिशा में भी अग्रसर होना चाहिए। उन्होंने बताया कि स्वयं सहायता समूह की लगभग 90 महिलाओं को केले के तने से रेशे निकालने के लिए योजनान्तर्गत मशीन उपलब्ध कराने हेतु पंजीकृत किया गया है। एनआरसीबी-आईसीएआर के प्रिसिंपल साईंटिस्ट डॉ.सुरेश ने फूड प्रोसेसिंग, सेलिंग पाईंट, विभिन्न उत्पादों, उत्पाद क्वॉलिटी एवं केले के महत्व पर प्रकाश डालते हुए महत्वपूर्ण जानकारी से उपस्थितजनों को अवगत कराया। उन्होंने अपने संस्थान में किए जा रहे कार्यांे एवं तकनीकी के बारे में भी जानकारी दी। श्री राजेश्वराव गोरखेड़े ने एमएसएमई अंतर्गत दी जाने वाली सुविधाओं एवं योजनाओं के बारे में विस्तृत रूप से अवगत कराया। श्री गौरव गोयल ने एमएसएमई पोर्टल के बारे में जानकारी देते हुए मार्केटिंग सपोर्ट, एसटी एससी हब स्कीम से रूबरू कराया। उन्होंने बताया कि, एमएसएमई रजिस्टेªेशन निःशुल्क है। श्री अमित बरहेटा ने इस अवसर पर एक्सपोर्ट एवं मार्केटिंग की जानकारी दी। उन्होंने इंडियन टेªड पोर्टल, इंडियन बिजनेस पोर्टल, एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल इत्यादि पर प्रजेटेंशन के माध्यम से प्रकाश डाला। श्री उमाकांत शाक्यवार ने डाकघर निर्यात केन्द्र के कार्य एवं उपयोगिता बताई। समापन अवसर पर अतिथियों के सुझाव भी आमंत्रित किए गए एवं सहयोग की बात कही गई। बुरहानपुर विधायक श्रीमती चिटनिस, कलेक्टर सुश्री मित्तल एवं जिला पंचायत सीईओ श्रीमती देशमुख द्वारा बनाना फेस्टिवल में पधारे अतिथियों को केले के रेशे से निर्मित घड़ी, पर्स एवं अन्य उत्पाद भेंट कर सम्मानित किया गया।