सागर l पुलिस के अनुसार शिवम चतुर्वेदी नाम का शख्स खुद को जबलपुर में पदस्थ DSP बताकर लोगों को प्रभावित करता था। उसके साथ दो युवक फर्जी पुलिस आरक्षक बनकर चलते थे। फरियादी युवक को होमगार्ड में नौकरी दिलाने का प्रलोभन दिया गया था। इसके बदले 1 लाख रुपये की मांग की गई थी। तय योजना के अनुसार आरोपी बिना नंबर की नई बोलेरो गाड़ी से सागर के शाहगढ़ पहुंचे और वहां एक चाय कैफे में बैठकर धौंस जमाने लगे। लेकिन सामने बैठा फरियादी युवक उनकी हर बात गौर से सुनता रहा। उसे वर्दी, गाड़ी और बातचीत सब कुछ बनावटी सा लगा। शक गहराया तो उसने चुपचाप असली पुलिस को सूचना दे दी। कुछ ही देर में चाय कैफे के बाहर असली पुलिस पहुंच गई और समय रहते कार्रवाई कर उन्हें हिरासत में ले लिया।पुलिस ने शिवम चतुर्वेदी (नकली DSP), निवासी सागर, राजकुमार ठाकुर (नकली आरक्षक) और सतीश सिंह ठाकुर (नकली आरक्षक), दोनों निवासी बरही, जिला जबलपुर को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी समेत विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।